Friday, September 25, 2015

The midnight love

जानता हूँ मैं तू सो गयी थी मुझे पढ़ते हुए।
पर मैं तो रातभर जगा था तुझे लिखते हुए।
तेरी खूबसूरत आँखों को कमल लिखा मैंने।
तेरे हर लफ्ज़ को एक ग़ज़ल लिखा मैंने।
क्या खता है मेरी मुझे तू ही बता..
अपनी मोहब्बत को ही मेरी कलम लिखा मैंने।

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